कई शिकायतों के बाद कोटा जनपद के चर्चित सचिव पंचायत से हटाए गए ।
सचिव को पंचायत से हटाकर कहीं पूरे मामले में लीपापोती तो नहीं की जा रही ।

दबंग न्यूज लाईव
गुरूवार 06.08.2026
कोटा – जनपद पंचायत कोटा के अंतर्गत आने वाले ग्राम पंचायत आमागोहन के सचिव की काफी दिनों से उनके काम काज और आर्थिक अनियमितताओं को लेकर पंचायत के ग्रामीणों के द्वारा लगातार शिकायत किया जा रहा था लेकिन जनपद के अधिकारियों से अच्छे रिश्तों की वजह से उन पर कोई कार्यवाही नहीं हो रही थी । लेकिन लंबे इंतजार के बाद जिला पंचायत बिलासपुर के मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने 5 अगस्त 2026 को आदेश जारी कर ’पंचायत सचिव राजेश कुमार उइके’ को ग्राम पंचायत आमागोहन से हटाकर जनपद पंचायत कोटा में संलग्न कर दिया है। वहीं ग्राम पंचायत बिटकुली के सचिव अनुप कुमार मंजुमदार को आमागोहन का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।

ग्रामीणों, जनप्रतिनिधियों एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं द्वारा इस मामले की शिकायत सीएम हेल्पलाइन, सुशासन शिविर, जनपद पंचायत, जिला पंचायत सहित विभिन्न प्रशासनिक स्तरों पर की गई थी। शिकायतों के आधार पर अलग-अलग समय में कई जांच दलों ने पंचायत पहुंचकर निरीक्षण भी किया। प्रशासन द्वारा पूर्व में जांच समिति गठित कर विभिन्न निर्माण कार्यों के भौतिक सत्यापन के निर्देश भी दिए गए थे।

सचिव को पंचायत से हटाए जाने के आदेश के बाद ग्रामीणों और शिकायतकर्ताओं ने कहा लगातार शिकायतों और जनदबाव के कारण प्रशासन को यह कदम उठाना पड़ा। हालांकि ग्रामीणों का यह भी कहना है कि केवल पंचायत से हटाकर दूसरे स्थान पर संलग्न कर देना पर्याप्त कार्रवाई नहीं मानी जा सकती।
इस बीच जिला पंचायत से निकले आदेश को लेकर भी ग्रामीण नाराज हैं उनका कहना है कि आदेश में पंचायत सचिव को हटाने का कारण ही नहीं लिखा गया है यदि सचिव को उनके कामकाज और आर्थिक अनियमितता की शिकायत के चलते हटाया गया है तो हमें उम्मीद रहेगी कि आगे सचिव के कार्यकाल की पूरी जांच हो और उस पर कार्यवाही हो सिर्फ पंचायत से हटाकर मामले में लीपापोती ना किया जाए । यदि शिकायत के आधार पर ये कार्यवाही हुई है तो फिर सरपंच और अन्य जिम्मेदार अधिकारियों पर भी कार्यवाही होनी चाहिए ।



